आंगनबाड़ी केंद्रों के बेहतर संचालन को लेकर डीएम सख्त, लापरवाही पर आंगनबाड़ी कार्यकत्री की मानदेय आधारित सेवा समाप्त

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आंगनबाड़ी केंद्रों के बेहतर संचालन को लेकर डीएम सख्त, लापरवाही पर आंगनबाड़ी कार्यकत्री की मानदेय आधारित सेवा समाप्त

समय से खुलें सभी आंगनबाड़ी केंद्र, बच्चों के पोषण एवं प्रारंभिक विकास में न हो कोई लापरवाही, आंगनबाड़ी केंद्रों की नियमित मॉनिटरिंग के निर्देश।

जनपद में आंगनबाड़ी केंद्रों के बेहतर एवं नियमित संचालन तथा बच्चों को पोषण, प्रारंभिक शिक्षा एवं अन्य विभागीय योजनाओं का समुचित लाभ सुनिश्चित किए जाने को लेकर जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन द्वारा लगातार आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण किया जा रहा है। जिलाधिकारी द्वारा स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि सभी आंगनबाड़ी केंद्र निर्धारित समय पर खुलें तथा केंद्रों पर बच्चों के लिए बेहतर व्यवस्थाओं के साथ नियमित रूप से गतिविधियां संचालित की जाएं।

इसी क्रम में जिलाधिकारी द्वारा दिनांक 05 मई 2026 को विकासखंड बलरामपुर के ग्राम भुसैलवा स्थित आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया गया था।

निरीक्षण के दौरान केंद्र के संचालन एवं विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही सामने आई थी।

आंगनबाड़ी केंद्र भुसैलवा पर कार्यरत आंगनबाड़ी कार्यकत्री श्रीमती रीता देवी द्वारा केंद्र का नियमित संचालन न किए जाने, पोषाहार का वितरण घर से किए जाने तथा विभागीय योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू न किए जाने की स्थिति पाई गई थी।

प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी द्वारा संबंधित आंगनबाड़ी कार्यकत्री की व्यक्तिगत सुनवाई भी की गई।

सुनवाई एवं प्रकरण के परीक्षण के उपरांत संतोषजनक जवाब न पाए जाने पर जिलाधिकारी के निर्देश के क्रम में जिला कार्यक्रम अधिकारी द्वारा बाल विकास परियोजना, बलरामपुर देहात की मानदेय आधारित आंगनबाड़ी कार्यकत्री श्रीमती रीता देवी की सेवा दिनांक 29 अगस्त 2026 को समाप्त कर दी गई।

जिलाधिकारी ने जिला कार्यक्रम अधिकारी एवं संबंधित बाल विकास परियोजना अधिकारियों को निर्देशित किया है कि जनपद के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों का नियमित निरीक्षण एवं अनुश्रवण सुनिश्चित किया जाए। केंद्र निर्धारित समय पर खुलें, आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की नियमित उपस्थिति रहे, बच्चों को केंद्र पर ही निर्धारित पोषण सेवाओं का लाभ मिले तथा बच्चों के शारीरिक, मानसिक एवं बौद्धिक विकास के लिए आयु अनुरूप गतिविधियां नियमित रूप से कराई जाएं।

उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र बच्चों के पोषण के साथ-साथ उनके प्रारंभिक विकास एवं सीखने की महत्वपूर्ण इकाई हैं। इसलिए केंद्रों के संचालन में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। बेहतर कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को प्रोत्साहित किया जाएगा, वहीं केंद्र संचालन एवं शासकीय दायित्वों में लापरवाही पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।